SDM कार्यालय में पदस्थ बाबू पर एफआईआर कराने की मांग:किसान बोला- अधिग्रहित भूमि की मुआवजा राशि बाबू ने दूसरे के खाते में डाली
SDM कार्यालय में पदस्थ बाबू पर एफआईआर कराने की मांग:किसान बोला- अधिग्रहित भूमि की मुआवजा राशि बाबू ने दूसरे के खाते में डाली
छतरपुर में बुधवार को एक किसान ने कलेक्टर को शिकायती आवेदन देकर राजनगर एसडीएम कार्यालय में पदस्थ बाबू के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग की है। किसान का आरोप है कि उसकी जमीन नेशनल हाईवे निर्माण में अधिग्रहित की गई। जिसकी मुआवजा राशि बाबू ने किसी दूसरे के खाते में डाल दी है। किसान भाइयन पिता लोटन पटेल निवासी राजनगर तहसीलदार के घुरा गांव का रहने वाला है। भाइयन का कहना है कि सात साल पहले सन 2017 में बमीठा-झांसी नेशनल हाईवे फोर लाइन रोड में निर्माण में उसकी जमीन अधिग्रहण की गई थी। एनएचएआई विभाग ने उसकी जमीन का 14,30,516 मुआवजा बनाया गया था। किसान का आरोप है कि राजनगर तहसील में पदस्थ अंसारी बाबू ने साठगांठ करके गांव के राधाचरण पटेल के खाते में डाल दिए, जिसकी भाइयन 7 साल से शिकायत करता आ रहा है। उसने राजनगर एसडीएम से शिकायत की, कलेक्टर से शिकायत की है, लेकिन उसको आज तक न ही मुआवजा राशि दी गई है और न ही अंसारी बाबू पर कार्रवाई की गई है। बुधवार को उसने कलेक्टर से शिकायत में राजनगर एसडीएम कार्यालय अंसारी बाबू पर एफआईआर दर्ज कर उसकी मुआवजा राशि वापस दिलाने की मांग की है। जांच के बाद की जाएगी कार्रवाई राजनगर एसडीम प्रशांत अग्रवाल ने बताया कि अभी मेरा हाल ही में राजनगर ट्रांसफर हुआ है, मुझे इस मामले में जानकारी नहीं है। आपके माध्यम से जानकारी मिली है, जांच के बाद उसे पर कार्रवाई की जाएगी।
छतरपुर में बुधवार को एक किसान ने कलेक्टर को शिकायती आवेदन देकर राजनगर एसडीएम कार्यालय में पदस्थ बाबू के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराने की मांग की है। किसान का आरोप है कि उसकी जमीन नेशनल हाईवे निर्माण में अधिग्रहित की गई। जिसकी मुआवजा राशि बाबू ने किसी दूसरे के खाते में डाल दी है। किसान भाइयन पिता लोटन पटेल निवासी राजनगर तहसीलदार के घुरा गांव का रहने वाला है। भाइयन का कहना है कि सात साल पहले सन 2017 में बमीठा-झांसी नेशनल हाईवे फोर लाइन रोड में निर्माण में उसकी जमीन अधिग्रहण की गई थी। एनएचएआई विभाग ने उसकी जमीन का 14,30,516 मुआवजा बनाया गया था। किसान का आरोप है कि राजनगर तहसील में पदस्थ अंसारी बाबू ने साठगांठ करके गांव के राधाचरण पटेल के खाते में डाल दिए, जिसकी भाइयन 7 साल से शिकायत करता आ रहा है। उसने राजनगर एसडीएम से शिकायत की, कलेक्टर से शिकायत की है, लेकिन उसको आज तक न ही मुआवजा राशि दी गई है और न ही अंसारी बाबू पर कार्रवाई की गई है। बुधवार को उसने कलेक्टर से शिकायत में राजनगर एसडीएम कार्यालय अंसारी बाबू पर एफआईआर दर्ज कर उसकी मुआवजा राशि वापस दिलाने की मांग की है। जांच के बाद की जाएगी कार्रवाई राजनगर एसडीम प्रशांत अग्रवाल ने बताया कि अभी मेरा हाल ही में राजनगर ट्रांसफर हुआ है, मुझे इस मामले में जानकारी नहीं है। आपके माध्यम से जानकारी मिली है, जांच के बाद उसे पर कार्रवाई की जाएगी।