निवास में युवक की संदिग्ध मौत पर बवाल:सड़क हादसे के दावे पर उठे सवाल, दो घंटे चक्काजाम

मंडला के निवास विकासखंड में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद हो गई। हादसे के बाद से ही क्षेत्र में तनाव फैल गया है। कोहका ग्राम निवासी सत्यम बर्मन की मौत को शुरुआती तौर पर सड़क हादसा बताया जा रहा है, लेकिन परिजन और ग्रामीण इसे संदिग्ध मान रहे हैं। सड़क हादसे में मौत की परिवार को मिली सूचना परिजनों के अनुसार, सत्यम बर्मन अपने कुछ दोस्तों के साथ कुंडम विकासखंड के एक गांव गए थे। परिवार लगातार सत्यम और उसके दोस्तों से संपर्क करने की कोशिश कर रहा था। परिजनों का आरोप है कि दोस्तों ने फोन पर बताया कि सत्यम उनके साथ नहीं है। कुछ समय बाद उन्हें सूचना मिली कि सत्यम का एक्सीडेंट हो गया है और वह कुछ बोल नहीं पा रहा है। इसके बाद उसकी मौत की खबर दी गई। परिजनों ने जबलपुर-निवास मुख्य मार्ग पर किया चक्काजाम इस घटना से आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने निवास विकासखंड न्यायालय परिसर के सामने जबलपुर-निवास मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। यह चक्काजाम दो घंटे से अधिक समय तक चला, जिससे मार्ग पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। मौत की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग प्रदर्शनकारियों ने सत्यम बर्मन की मौत की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलने पर निवास विधायक चैन सिंह वरकड़े, थाना प्रभारी निवास वर्षा पटेल और पुलिस बल मौके पर पहुंचे। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाकर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। काफी प्रयासों और आश्वासनों के बाद, लगभग दो घंटे बाद ग्रामीणों ने चक्काजाम समाप्त किया, जिसके बाद यातायात बहाल हो सका। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।

निवास में युवक की संदिग्ध मौत पर बवाल:सड़क हादसे के दावे पर उठे सवाल, दो घंटे चक्काजाम
मंडला के निवास विकासखंड में एक युवक की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत के बाद हो गई। हादसे के बाद से ही क्षेत्र में तनाव फैल गया है। कोहका ग्राम निवासी सत्यम बर्मन की मौत को शुरुआती तौर पर सड़क हादसा बताया जा रहा है, लेकिन परिजन और ग्रामीण इसे संदिग्ध मान रहे हैं। सड़क हादसे में मौत की परिवार को मिली सूचना परिजनों के अनुसार, सत्यम बर्मन अपने कुछ दोस्तों के साथ कुंडम विकासखंड के एक गांव गए थे। परिवार लगातार सत्यम और उसके दोस्तों से संपर्क करने की कोशिश कर रहा था। परिजनों का आरोप है कि दोस्तों ने फोन पर बताया कि सत्यम उनके साथ नहीं है। कुछ समय बाद उन्हें सूचना मिली कि सत्यम का एक्सीडेंट हो गया है और वह कुछ बोल नहीं पा रहा है। इसके बाद उसकी मौत की खबर दी गई। परिजनों ने जबलपुर-निवास मुख्य मार्ग पर किया चक्काजाम इस घटना से आक्रोशित ग्रामीणों और परिजनों ने निवास विकासखंड न्यायालय परिसर के सामने जबलपुर-निवास मुख्य मार्ग पर चक्काजाम कर दिया। यह चक्काजाम दो घंटे से अधिक समय तक चला, जिससे मार्ग पर यातायात पूरी तरह बाधित हो गया और वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। मौत की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग प्रदर्शनकारियों ने सत्यम बर्मन की मौत की निष्पक्ष जांच और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। सूचना मिलने पर निवास विधायक चैन सिंह वरकड़े, थाना प्रभारी निवास वर्षा पटेल और पुलिस बल मौके पर पहुंचे। अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों ने प्रदर्शनकारियों को समझाकर उचित कार्रवाई का आश्वासन दिया। काफी प्रयासों और आश्वासनों के बाद, लगभग दो घंटे बाद ग्रामीणों ने चक्काजाम समाप्त किया, जिसके बाद यातायात बहाल हो सका। पुलिस ने बताया कि मामले की जांच की जा रही है और पोस्टमार्टम रिपोर्ट तथा अन्य तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।